रायपुर। दीपावली से पहले छत्तीसगढ़ में राशनकार्डधारियों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। उचित मूल्य की दुकानों से शक्कर गायब होने के कारण लोगों को मायूस होकर लौटना पड़ रहा है। सहकारी शक्कर कारखाने से आपूर्ति नहीं होने के चलते अक्टूबर महीने का आवंटन जारी नहीं हुआ है। ऐसे में त्योहार से पहले राशन दुकानों में शक्कर का वितरण ठप पड़ गया है।
सितंबर में भी नहीं हुई शक्कर की आपूर्ति
प्राप्त जानकारी के अनुसार, छत्तीसगढ़ सहकारी शक्कर उत्पादक कारखाने से सितंबर महीने में भी शक्कर की आपूर्ति नहीं हो पाई थी। इसके चलते नागरिक आपूर्ति निगम अक्टूबर के लिए राशन दुकानों को शक्कर का आवंटन जारी नहीं कर सका।
इसका सीधा असर राशनकार्डधारियों पर पड़ रहा है। दुकानों में चावल और नमक तो उपलब्ध हैं, लेकिन शक्कर नहीं मिलने से हितग्राहियों की परेशानी बढ़ गई है।
दीपावली से पहले बढ़ी मुश्किलें
दीपावली जैसे बड़े त्योहार से पहले शक्कर की कमी ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। त्योहार के दौरान मिठाइयों और अन्य पकवानों के लिए शक्कर की जरूरत होती है। ऐसे में सरकारी राशन दुकानों से शक्कर नहीं मिलने पर लोगों को अतिरिक्त खर्च उठाना पड़ सकता है।
हितग्राहियों को उम्मीद थी कि त्योहार से पहले राशन दुकानों में शक्कर मिल जाएगी, लेकिन फिलहाल उन्हें इंतजार करना पड़ रहा है।
आपूर्ति बाधित होने की वजह स्पष्ट नहीं
सबसे अहम सवाल यह है कि सहकारी शक्कर कारखानों से आपूर्ति आखिर क्यों प्रभावित हुई? उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, खाद्य विभाग और नागरिक आपूर्ति निगम के अधिकारी भी इसकी स्पष्ट वजह नहीं बता पा रहे हैं।
अधिकारियों का कहना है कि कारखाने से शक्कर मिलते ही राशन दुकानों में भंडारण की व्यवस्था की जाएगी, ताकि वितरण शुरू किया जा सके।
नवंबर में दो महीने की शक्कर मिलने की संभावना
बताया जा रहा है कि नवंबर महीने में अक्टूबर और नवंबर, दोनों महीनों की शक्कर एक साथ वितरित किए जाने की संभावना है। हालांकि, इसकी अंतिम पुष्टि और वितरण की तारीख को लेकर अभी स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है।
फिलहाल राशनकार्डधारियों को शक्कर की आपूर्ति बहाल होने का इंतजार है। त्योहार से ठीक पहले जरूरी खाद्य सामग्री की इस किल्लत ने सरकारी वितरण व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि शक्कर की आपूर्ति कब तक बहाल होती है और लोगों को राहत मिलती है।